वसीम रिजवी घोटालेबाज, आरएसएस से रिश्तों के कारण नहीं हो रही कोई कार्रवाई: कल्बे जव्वाद

0
65

अयोध्या मामले में एक के बाद एक शिया वक्फ बोर्ड के चेयरमैन वसीम रिजवी के विवादित बयानों को लेकर शिया धर्म गुरु मौलाना कल्बे जव्वाद ने कहा कि अयोध्या में मंदिर-मस्जिद का मामला सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन है और जो न्यायालय का फैसला आएगा उसे हम सबको मानना चाहिए।

उन्होंने कहा कि शिया वक्फ बोर्ड के चेयरमैन वसीम रिजवी जिस तरह से एक के बाद एक विवादित बयान दे रहे हैं उससे तो यही लगता है कि आरएसएस के बड़े नेताओं का हाथ उनके सर पर है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा वक्फ के घोटाले की सीबीआई जांच की सिफारिश होने के बावजूद उन पर कोई कार्रवाई न होना भी उनके आरएसएस से करीबी रिश्ते का संकेत है।

मौलाना कल्बे जव्वाद ने कहा, वसीम रिजवी ने पूर्व मंत्री आजम खान के साथ मिलकर कई बड़े घोटाले किए हैं और उन्होंने हमारे सबसे बड़े धर्मगुरु आयतुल्लाह सिश्तानी के बारे में बोला था तो सभी उलेमाओं ने एकजुट होकर शिया कौम से खारिज कर दिया था। इसलिए उनके बयान पर कोई तव्वजो शिया कौम नहीं देती।

भारत और ईरान के रिश्ते पर उन्होने कहा कि ईरान हमेशा भारत का दोस्त रहा है और जिस तरह से अमेरिका पूरी दुनिया में अपनी दादागिरी कर ईरान को बर्बाद में जुटा है उससे सतर्क रहने की जरुरत है। उन्होंने कहा, ‘ईरान हमें सस्ते तेल आयात करता है जिससे भारत को फायदा होता है और हम उम्मीद करते है कि भारत सरकार इस रिश्ते को निभाती रहेगी।’

गुजरात में उत्तर भारतीयों पर हो रहे  हमले पर उन्होंने चिंता जताई और कहा कि यह देश हम सबका है और हिन्दुस्तान का कोई भी नागरिक कहीं भी जाकर काम कर सकता है। कुछ लोग देश तोड़ने का काम करने वाली राजनीति कर रहे है उनसे सतर्क रहने की जरूरत है।

मुस्लिम परिवार में शादीे करने के इच्छुक है तो अभी फोटो देखकर अपना जीवन साथी चुने (फ्री)- क्लिक करें